shayari..for love who leave someone

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Dosto,  ek bar fir se aap sab ka hamari shayri site me swagat karta hu.  Me paresh prajapati aaj aap ke liye nayi love shayri lekar upstith hu.

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1.
एक रात वो मिले ख्वाब में,
हमने पुछा क्यों ठुकराया आपने.
जब देखा तो उनकी आँखों में भी आंसू थे,
फिर कैसे पूछते क्यों रुलाया आपने.
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By. Paresh

2.
पंख ही काफ़ी नहीं हैं आसमानों के लिए;हौसला भी चाहिए ऊंची उड़ानों के लिए।भीग जाती थी पलक सुनकर धुनें जिनकी कभी,आँख में पानी कहाँ अब उन तरानों के लिए।
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By. Paresh

3.
वक़्त का मुझे कोई होश नही
जिस्म मे मेरे कोई जोश नही
तरसाते हो तुम तनहाई मे
और कहते हो ‘मेरा कोई दोष नही’
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By. Paresh

4.
जब उसकी धुन में रहा करते थे,
हम भी चुप चुप जिया करते थे
लोग आते थे गजल सुंनाने,
हम उसकी बात किया करते थे
घर की दीवार सजाने के खातिर,
हम उसका नाम लिखा करते थे,
कल उसको देख कर याद आया हमे,
हम भी कभी मोहोब्बत किया करते थे,
लोग मुझे देख कर उसका नाम लिया करते थे
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By. Paresh

5.
बहुत गुस्ताख है तेरी यादे इन्हे तमीज सिखा दो कमबख्त दस्तक भी नही देती और द्ल में उतर जाती है
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By. Paresh

6.
तुम्हे जिन्दगी से शिकायत बहुत है..मगर मौत भी बेरहम कम नहीं...
    जिन्हें जिस्म ढकना मुनासिब नहीं..यही मौत उनसे कफ़न मांगती है…
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By. Paresh

7.
औरत से है यह दुनिया सारी
फिर भी यह ग़ुलामी सहती है,
औरत के लिए है जीना सजा
फिर भी वह जीए जा रही है,
औरत संसार की किस्मत है
फिर भी किस्मत की मारी है,
औरत आज भी ज़िंदा जलती है,
फिर भी कहलाती वह क़ुरबानी है,
औरत के लिए रोना खता है
फिर भी वह हर ज़ुल्म सहती है,
औरत ने जनम दिया मर्दों को
फिर भी वह कहलाती पैरों की जूती है!!!!
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By. Paresh

8.
सोने के जेवर ओर हमारे तेवर
लोगो को अक्सर बहोत मेंहगे पडते हे.
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By. Paresh

9.
शाम के बाद मिलती है रात,
हर बात में समाई हुई है तेरी याद.
बहुत तनहा होती ये जिंदगी,
अगर नहीं मिलता जो आपका साथ.
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By. Paresh

10.
जिंदगीमें बडी शिद्दत से निभाओ
अपना किरदार,
कि परदा गिरने के बाद भी तालीयाँ
बजती रहे….।।
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By. Paresh

Presented by; paresh prajapati from gujrat, india